'ईसा गलील से रवाना होकर के यहूदिया में ता'लीम दे रहा है। #और ऐसा हुआ अगर आपकी ज़बान में कहानी को नए दिल को शुरू'करने का ज़िक्र है तो उसे काम में लें।
#ये बातें :en:bible:notes:mat:18:01|18:1 35के कलाम
#चला गया "रवाना किया"या"सफ़र किया"
#सूबा "'एलाक़ा में"
'ईसा शादी और तलाक के बारे में ता'लीम देना शुरू' करता है। #नजदीक आकर "'ईसा के नजदीक आकर"
#क्या तुमने नहीं पढ़ा? 'ईसा फ़रीसियों को शर्मिन्दा करना चाहता था।(देखें: :en:ta:vol1:translate:figs_rquestion)
क्या तुमने नहीं पढ़ा? 'ईसा फ़रीसियों को शर्मिन्दा करना चाहता था।(देखें: :en:ta:vol1:translate:figs_rquestion)
#इस वजह यह:en:bible:notes:mat:19:03|19:3के सवाल का ही अगला हिस्सा है, "तुमने नहीं पढ़ा कि वह कहता है...?" (देखें:en:ta:vol1:translate:figs_rquestion en:ta:vol2:translate:figs_ellipsis)
#वीवी के साथ रहेगा "बीवी के नजदीक रहेगा"
#एक जिस्म "एक मख़लूक़" (देखें: :en:ta:vol1:translate:figs_metaphor)
'ईसा शादी और तलाक के बारे में ही ता'लीम दे रहा है। #उन्होंने उससे कहा "फ़रीसियों ने'ईसा से कहा"
#क्यों यह ठहराया "हम यहूदियों को यह हुक्म क्यों दी"
#छोड़नेवाला ख़त देकर शादी तोड़ने का जायज़ ख़त
#लेकिन शुरू से ऐसा नहीं था। "जब ख़ुदा ने नर और नारी को बनाया था तब तलाक की मनसूबा नहीं थी"
#ज़िना को छोड़कर "ज़िनाकार में बेईमान को छोड़ कर"।
#उस छोड़ी हुई से शादी करे,वह भी ज़िना करता है कई शुरवाती सहिफ़ो में यह लफ़्ज़ नहीं हैं।
'ईसा शादी और तलाक के बारे में ही ता'लीम दे रहा है। #कुछ बीमारी ऐसे हैं जो माँ के हमल ही से ऐसे पैदा हैं। "जिस्मानी आ'ज़ा के बिना पैदा हुए आदमी"
#अपने आपको बीमार बनाया मुमकिन मतलब हैं, (1) "जिन्होंने अपना जीन्स काट दिया" (2) "जो इन्सान बग़ैर शादी के रहकर ज़िनाकारी से पाक रहना चाहते हैं।" (देखें: en:ta:vol1:translate:figs_metaphor)
#आसमान की बादशाही के लिए "कि वे ख़ुदा की ज़्यादा अच्छी ख़िदमत कर पाएँ"
#जो इसको क़ुबूल कर सकता है,क़ुबूल करे। देखें कि आपने"इसको क़ुबूल कर सकते है क़ुबूल करे"का तर्जुमा19:11में कैसे किया है।
लोग बच्चों को 'ईसा के पास लाते हैं। #तब लोग बच्चो को उसके पास लाए। इख़्तियारी तर्जुमा"कुछ लोग बच्चों को लेकर'ईसा के पास आए" (देखें: :en:ta:vol2:translate:figs_activepassive)
#आने दो "इजाज़त दो"
#मेरे पास आने दो और उन्हें मना न करो "उन्हें मेरे पास आने से मत रोको"
#क्योंकि आसमान की बादशाही ऐसों ही का है। "आसमान की बादशाही उन लोगों की है जो इनके तरह हैं"या"सिर्फ़ इन बच्चों के तरह इन्सान ही आसमान के बादशाही में दाख़िल कर सकते हैं"।
'ईसा दुनिया में दौलत और आसमान में अज्र की ता'लीम देना शुरू' करता है। #देखो लिखने वाले कहानी में एक नए किरदार को ला रहा है। आपकी ज़बान में इसे इज़हार करने का ज़िक्र होगा।
#अच्छा काम ख़ुदा को ख़ुश करने वाला काम
#अच्छा तो एक ही है। "सिर्फ़ ख़ुदा पूरा भला है"
'ईसा दुनिया में दौलत और आसमान में फ़िरफल की ता'लीम दे रहा है।
'ईसा दुनिया में दौलत और आसमान में अज्र की ता'लीम दे रहा है। #ख़वाहिश रखते हैं। "ढूँढ़ते"
'ईसा दुनिया में दौलत और आसमान में अज्र की ता'लीम दे रहा है। #ख़ुदा की बादशाही में दौलतमन्द के दाख़िल करने से ऊँट को सूई के नाके में से निकल जाना सहज है। दौलतमन्दो के लिए ख़ुदा की बादशाही में दाख़िल करना बहुत ही सख्त है(देखें: :en:ta:vol2:translate:figs_hyperbole)
#सूई के नाके "सूई के पीछे का छिद्र जिसमें धागा डाला जाता है"।
'ईसा दुनिया में दौलत और आसमान में अज्र की ता'लीम दे रहा है। #शागिर्दों ने बहुत हैरान होकर "शागिर्द हैरान हो गए" #फिर किसका नजात हो सकता है? #हम तो सब कुछ छोड़ के "हमने तो अपनी मुकम्मल दौलत को छोड़ कर दिया है"या"हमने अपना घर बार सब छोड़ दिया है"
#हमें क्या मिलेगा? "ख़ुदा हमें क्या अच्छी चीज़ देगा"?
'ईसा अपने शागिर्दों को दुनिया में दौलत और आसमान में अज्र की ही ता'लीम दे रहा है। #नई दुनिया में "जब सब कुछ नया हो जायेगा"या"नये ज़माना में"
#बारह तख़्तों पर बैठ कर.....इन्साफ़ करोगे "उन पर बादशाह और जज होगे"(देखें: :en:ta:vol2:translate:figs_metonymy)
'ईसा दुनिया में दौलत और आसमान में अज्र की ता'लीम दे रहा है। #सौ गुना मिलेगा "जो उन्होंने छोड़ा है उससे सौ गुना ज़्यादा अच्छी चीज़े मिलेंगी।"
#बहुत से जो पहले है पिछले होंगे "जो दुनिया की नज़र में बड़े हैं जैसे दौलतमन्द और हुकूमत करने वाले एक दिन ख़ुदा की बादशाही में आख़िर होंगे"।