Matthew 16

Matthew 16:1

'ईसा और आलिमें शरा में बहसों मोबाहसा शुरू' होता है।

#आसमान .... आसमान यहूदी रहबर ख़ुदा से निशान की माँग कर रहे थे (देखें: en:ta:vol2:translate:figs_metonymy) 'ईसा ने उनसे कहा कि वे आसमान को देखें, दोनों ही लफ़्ज़ो के लिए वही लफ़्ज़ काम में ले जहाँ ख़ुदा रहता है, आसमान लफ़्ज़ तब ही काम में ले जब पढ़ने वाले इन मुख्तलिफ़ मा'नी को समझ पाएं।

#साम को ग़ुरूब का वक़्त

#मौसम अच्छा होगा साफ़, ख़मोस दिलकश

#आसमान लाल है ग़ुरूब की लाल रोशनी की लालिमा

Matthew 16:3

यह भी 'ईसा और 'आलिमें शरा के बीच बह्सो मोबाह्सा का ही कहानी है।

#आँधी आयेगी। "बादल और आँधी का मौसम"

#धुमला " धुंधला और फ़िक्रमन्द"

#निशान उनको न दिया जाएगा। इख़्तियारी तर्जुमा "ख़ुदा तुम लोगों को कोई निशान नहीं देगा" (देखें: en:ta:vol2:translate:figs_activepassive en:ta:vol1:translate:figs_explicit)

Matthew 16:5

'ईसा 'आलिमों शरा से बहसों मुबाहसा के बा'द अपने शागिर्दों को इहतियात करता है।

#खमीर बुरे ख़याल और ग़ैर मुनासिब ता'लीम (देखें: :en:ta:vol1:translate:figs_metaphor)

#ग़ौर करने लगे "बहसों मुबाहसा" या "इख्तिलाफ़"

Matthew 16:9

'ईसा 'आलिमों शरा से बहसों मुबाहसा के बा'द अपने शागिर्दों को इहतियात करता है।

#क्या तुम अब तक नहीं समझे? क्या तुम्हें उन पाँच हजार की पाँच रोटियाँ याद नहीं, और न यह कि तुमने कितनी टोकरियाँ उठायी थी? न उन चार हज़ार की सात रोटियाँ, और न यह कि तुमने कितने टोकरे उठाए थे? 'ईसा उन्हें झिड़क रहा है। इख़्तियारी तर्जुमा "तुम्हें पांच हजार के लिए पाँच रोटियाँ और तुमने बचे टुकड़ों की कितनी टोकरियाँ उठाईं थी याद रखना था। और चार हज़ार के लिए सात रोटियाँ और कितने टोकरे उठाए यह भी याद रखना था।" (देखें: :en:ta:vol1:translate:figs_rquestion en:ta:vol2:translate:translate_numbers)

Matthew 16:11

'ईसा 'आलिमें शरा से बहसों मुबाहसा के बा'द अपने शागिर्दों को इहतियात करता है।

#तुम क्यों नहीं समझते कि मेंने तुमसे रोटियों के बारे में नहीं कहा? "तुम्हें समझ लेना था कि मैं हक़ीक़त में रोटी के बारे में नहीं कह रहा था"। (यू.डी.बी.) (देखें: :en:ta:vol1:translate:figs_rquestion)

#खमीर बुरे ख़याल और ग़ैर मुनासिब ता'लीम (देखें: :en:ta:vol1:translate:figs_metaphor)

#उनको "शागिर्दों को"

Matthew 16:13

पतरस मानता है कि 'ईसा ख़ुदा का बेटा है।

#तुम मुझे क्या कहते हो? "लेकिन मैं तुमसे पूछ रहा हूँ, तुम मुझे क्या कहते हो"?

Matthew 16:17

'ईसा पतरस ने क़ुबूल किया 'ईसा ख़ुदा का बेटा है रद्दे'अमल दिखाता है।

#हे शमौन यूनाह के बेटा "यूनाह के बेटा शमौन"

#माँस और खून ने नहीं "यह बात इन्सान ने ज़ाहिर नहीं की है" (देखें: :en:ta:vol2:translate:figs_metonymy)

#'आलिमे बर्जक के फाटक उस पर मजबूत न होंगे। मुमकिन मतलब हैं: (1) "मौत कि क़ुदरत ग़ालीब नहीं होगी" (यू.डी.बी.) या (2) वह मौत में क़ुदरत को ऐसे ढा देगी जैसे फ़ौज शहर में दाख़िल करती है (देखें: :en:ta:vol1:translate:figs_metaphor)

Matthew 16:19

'ईसा पतरस ने इक़रार, किया की वह ख़ुदा का बेटा है, अपनी रद्दे'अमल को दिखाता है।

#आसमान कि बादशाही की कुंजियाँ इन्सानों को ख़ुदा के लोग होने के लिए रास्ता तैयार करने की क़ाबिलियत जैसे एक ग़ुलाम अपने मालिक के घर में मेहमानों का इस्तक़बाल करता है।(देखें: :en:ta:vol1:translate:figs_metaphor)

#ज़मीन पर बाँधेगा वह आसमान में बंधेगा। इन्सान को म'आफ़ी देना या सज़ा देना जैसा वैसा ही आसमान में होगा (देखें: :en:ta:vol1:translate:figs_metaphor)

Matthew 16:21

'ईसा अपने शागिर्दों को उसके पैरवी का क़ीमत समझाना शुरू' करता है।

#उस वक़्त से जिस वक़्त 'ईसा ने अपने शागिर्दों को इहतियात किया कि वह किसी से न कहें कि वह मसीह है, उस वक़्त वह उन्हें अपने बारे में ख़ुदा की मनसूबा बताने लगा।

#मार डाला जाऊँ इख़्तियारी तर्जुमा "वे उसे मार डालेंगे" (देखें::en:ta:vol2:translate:figs_activepassive)

#तीसरे दिन जी उठूँ। "तीसरे दिन फ़िर ज़िन्दा होगा" या "तीसरे दिन ख़ुदा उसे फ़िर ज़िन्दा करेगा"।

Matthew 16:24

'ईसा अपने शागिर्दों को उसके पैरवी का क़ीमत समझा रहा है।

#मेरे पीछे आना चाहे। "मेरा शागिर्द होने के लिए पैरवी करना चाहता है"।

#अपने आपका इन्कार करे। "अपनी ख़्वाहिशो के ताबे न रहे" या "अपनी ख़्वाहिशो को छोड़ दे।"

#अपना सलीब उठाए और मेरे पीछे हो ले। "अपना सलीब उठा कर उसे लेकर मेरे पीछे चलो" 'ईसा कि तरह मरने के लिए तैयार हो जाओं। (देखें: :en:ta:vol1:translate:figs_metaphor)

#जो.... चाहे "किस की ख़्वाहिश से"

#सारे दुनिया को हासिल करे। "दुनिया में जो कुछ है सब हासिल कर ले"

#अपने जान की हानि उठाए। "अपने आप हलाक हो जाए या ग़ुमराह हो जाए"

Matthew 16:27

'ईसा अपने शागिर्दों को उसके पैरवी का क़ीमत समझा रहा है।

#जब तक इन्सान के बेटे को उसके बादशाही में आते हुए न देख लेंगे तब तक मौत का मजा कभी न चखेंगे। "अपने मरने से पहले इन्सान के बेटे को उसके बादशाही में आता देखेंगे"।

#मौत का मजा न चखेंगे। "मौत कि तजुर्बा नहीं करेंगे" या "मरेंगे नहीं"

#इन्सान के बेटे को उसकी बादशाही में आते हुए "जब तक वे मुझे अपने बादशाही में आते न देखेंगे"(देखें: en:ta:vol2:translate:figs_123person)