अध्याय १५

1 जक दुई दिन पिच्छु निस्तार और अखमिरी रोटीको तिवहार रहए। मुखिया पुजारी और शास्त्री बाके कैसे छलके पकडके मर हएँ करके दावमे रहएँ । 2 काहेकी बे कही रहएँ, “तिवहरके समयमे ना, नत् आदमीको हुलदङगा मचइगो । 3 बा बेथानियामे सिमोन कोढ रोग लागो आदमीके घरमे खान बैठो एक बैयर बेढम महेंगो कोरो महकुवा तेल सिङ्गमरमरको शीशीम लैके आई और बा शीशी कि कुप्पी खोलके बा महकुवा तेल बाके मुणमे अखनाए दै । 4 तव कोई कोई दिक्काएके आपसमे कहन लगे, “जा महकुवा तेल काहे अईसे नुक्सान करत हौ ? 5 काहेकि जा महकुवा तेल तीन सय चाँदीके सिक्कासे जद्धामे बेचके गरीबनके बा पैसा दए दित्ते।” और बे बा बैयरके झपाणी। 6 पर येशू उनसे कही,“छोडदेव, काहे तुम इनके सतात् हौ ? जा मिर ताहीं अच्छो काम करीहए । 7 काहेकी गरीब त तुमर सँग सबदिन हुइहएँ, और इच्छा लागो जौन समयमे फिर तुम उनके भलाई करसकत् हौ। और मए त सबदिन तुमरे सँग ना हुईहौं । 8 जा बैयर जो करपाई बहेकरी हए। जा मिर शरीरके दफनके ताहीं अग्गुसे महकुवा तेल मिसलके तयार करीहए । 9 नेहत्य मए तुमसे कहत् हौं, सारा संसारमे जहाँ जहाँ जा सुसामाचर प्रचार करङ्गे जा बैयर जो करी है यिनके सम्झनाके ताहीं जा कामको बारेमे बयान करो जयहए।” 10 तव बाहृ चेलन मैसे एक जनी यहूदा इस्करियोत त येशूके बिनके हात पक्णानके ताहीं मुखिया पुजारी ठिन गओ । 11 बे जा सुनके खुशी भए, और बाके पैसा देहएँ करके कबुल करीं। और बाके कैसे पकणए करके बा अच्छो मौका ढुणन लागो। 12 अखमिरी रोटीको तेवहरको पहिलो दिनमे जब बे निस्तार-तेवहरमे थुमाको बलिदान चढात रहएँ, बाके चेला बासे पुछी, “तुमर इच्छा का हए ? हम कहाँ जाएके तुमर ताहिं निस्तार-तेवहरको भोज तयार करएँ ? 13 और बा अपन चेला मैसे दुई जनी अईसे करके पठाई, “सहेरमे जाओ, और घल्ला मे पानी लैजात एक आदमी तुमके मिलेहए। बाके पिच्छु जैइयो । 14 बा आदमी जहाँ घुसेहए बाके मालिकसे कहीओ, “गुरुज्यू कहात हए, मिर चेलनके निस्तारको तेवहरको हटकना खान बारो पाहुनाको कोनो कहाँ हए ? 15 और बा उनके सजो सजाओ तयार करो भव उपरको छतको एक कोनो दिखाबैगो, और हुवएँ तुम हमर ताहीं खानु तयार करिओ । 16 तव चेला गए, और सहेरमे घुसे, और बा उनसे कही अनुसार पाईं, और बे निस्तार तेवहरक खानु तयार करीं । 17 सँझा भव बा बाह्रओ जनी सँग आओ । 18 बे लेटके खातपेती येशू उनसे कही, “नेहत्य मए तुमसे कहत हौं, तुमर सँग खान बारो मैसे एक जनी मोके धोखा देहए । 19 बे दुखी हुइगए और पालो पालो करके बासे पुछन लागे “ का बा मै हुँ ?" करके पुछन लागे । 20 बा उनसे कही, “बाह्रओ मैसे एक जनी, जौन मिर सँग थरियम रोटी बोर रहो हए । 21 काहेकी आदमीको लौणक बारेमे लिखो अनुसार हुईहए, पर धिक्कार बाके जौनसे आदमीक लौंणाके धोखा हुईहए। बा आदमिक त जन्मए न हुइतो त ठिक रहए।” 22 और खातपेती येशू रोटी लैके आशीर्बाद दै और तोडी और बिनसे कही, ''लेओ, जा मिर शरीर हए ।" 23 तव कटोरा लैके धन्यवाद दैके बा बिनके दै दै, और बे सबै बा मैसे पिईं । 24 और बा बिनसे कही, ''जा नयाँ करार को मेरो खुन हए, जो गजबन के ताहीं बहाव जात् हए । 25 नेहत्य, मए तुमसे कहत् हौं, मए अँगुरके रसा से बा दिन तक न पिहौं, जब तक परमेश्‍वरको राजमे बा नयाँ करके न पिहएँ।” 26 और एक भजन गाएके बा निकरके जैतुन डाँगा घेन गओ । 27 येशू उनसे कही, “तुम सब पिच्छु हटजए हौ, काहेकि अईसो लिखो हए, मए बकरेहेराके मारङ्गो भेडा तितर बितर हुइ जएहएँ। 28 तव मए जिन्दा हुईके उठके तुमसे पहिले गालीलमे जामङ्गो । 29 पत्रुस बासे कही, “सब जनी पिच्छु हटे से फिर पर मए न हटङ्गो।” 30 तव येशू उन्से कही, नेहत्य मए तुमसे कहत हौं ,आजए रातके मुर्गा दुई चोटी बास्‍नेस अग्गु तय तीन चोटी इन्कार करैगो । 31 पर बा और जोडसे कही, “तेरेसँग मोके मरन पणेहए, मए तुमके इन्कार न करङ्गो ।” और बे सब अईसीए कहीं। 32 तव पिच्छु बा गेतसमनी नाउँ भव ठाउँमे गव, और अपन चेलनसे कही, “मए प्रार्थना करन तक तुम हियाँ बैठीओ ।" 33 तव बा पत्रुस, याकुब और यूहन्नाके सँगमे लैगओ, और बा बहुत घबणान और बहुत उदास होन लागो । 34 बा उनसे कही, “मेरो आत्मा मरन तक शोकसे ब्याकुल हुइगव हए। तुम हियाँ बैठौ, और जगे रहीओ।” 35 और थुर दुर जाएके बा भिमे घुप्टियाए गव और हुइसक्तहए तव जा घडी मोसे दुर हुइजाए करके प्रार्थना करी । 36 और बा उन्से कही, “अब्बा, पिता, तुमरे ताहीं सब बात सम्भव हए। जा कटोरा मोसे हटाएदेव तहुँ फिर मिर इच्छा अनुसार नाय पर तुमर इच्छा अनुसार होबाए।” 37 बा फिर अओ तव उनके सोत पाई। बा पत्रुससे कही, सिमोन, का तए सोन डटो हए ? का एक घण्टा फिर जगो वैठ न पातहए ? 38 जगे रहौ, और प्रार्थना करौ, और तुम परीक्षामे मत पडओ आत्मा ता नेहत्य तयार हए, पर शरीर दुर्बल हए । 39 फिर गव बा दोहोरयके हुवएँ प्रार्थना करी। 40 फिर आएके बा उनके सोत पाई, काहेकी उनकी आँखी नींदसे बहुत घुँघरियाए गइरहएँ, और बाके का जबाफ देमए, सो न जानी । 41 बा तीन चोटी आओ, और उनसे कही, “का तुम और सुइ हौ और आराम करे रहौ ? अब हुइगओ, बेरा आइगौ। देखओ आदमीको लौणा पापिनके हातमे पक्डाव परन लगोहए । 42 उठओ, चलैं । देखओ, मोके पक्डान बारो जौने हए। 43 येशू बोलत रहए तव बाह्रओं चेला मैसे एक जनी यहूदा अचानक हुवाँ देखाइ पडो। मुखिया पुजारी, शास्त्री और धर्म-गुरु पठाओ एक दल तरवार और लट्ठी लैके बाके सँग हुवाँ आए । 44 बाके धोखा देन बारो उन्से अईसे करके संकेत दै, “जौनके मए चुम्मा खएँ हौं बहे आदमी हए, बाके पकडीओ और घेरके लाएजईओ ।" 45 और सिधे येशू ठिन जाएके यहूदा कही, “हे रब्बी,”और बाके चुम्मा खाई । 46 तव बे येशूके पकणी और गिरफ्तार करीं । 47 हुवाँ जौने ठाढे मैसे कोई एक तरवार निकारके प्रधान पुजारीको कामैयाके चलाई और बाको कान च्वाट्ट से काट्दै । 48 येशू उनसे कही, “का तुम एक डाकु कता तरवार और लट्ठी लैके मोके पकणन आए हौ ? 49 हर दिन मन्दिरमे सिखात मए तुमरे सँग रहौं, तव तुम मोके गिरफ्तार न करे पर धर्मशास्त्र पुरा होबाए " । 50 और सब चेला बाके छोड्के भाजे। 51 अपन शरीरके सुती लत्तासे लपेटो भव एक जनी जवान बक् पिच्छु गओ। बे बा जवानके पक्डीँ , 52 तव लत्ता छोड्के बा नङ्गो भाजो। 53 तव बे येशूके प्रधान पुजारी ठिन लैगए, और हुवाँ सब मुखिया पुजारी, धर्म-गुरु और शास्त्री जम्मा भए रहएँ। 54 पत्रुस त दुरसे प्रधान पुजारीके आँगन भितर बाके पिच्छु पिच्छु लागो, और हुवाँ सिपाइएन सँग बैठके आगी तापन लागो। 55 अब मुखिया पुजारी और जम्मए महासभाके येशूके मारनके ताहिं बाके बिरुद्दमे गवाही ढुणी, तव कुछु न पाइँ । 56 बहुत बाके बिरुदमे झुटी गवाही दैं। पर उनकि दै भै गवाही कोई मेल ना खाइँ। 57 कोई कोई उठ्के बाके बिरुद्दमे अईसे कहत गवाही दै । 58 जाके अईसे कहत हम सुने, 'आदमीको हातसे बनाव भौ जा मन्दिर मए उजाडङ्गो, और हात बिनाको बनाओ दुसरो मन्दिर मए तीन दिनमे बनामङ्गो ।" 59 तव जामे फिर उनको गवाही एक मनको न रहए। 60 तव प्रधान पुजारी बीचमे ठाडके येशूसे पुँछी, “का तिर ठिन कुइ जबाफ न हय ? जे आदमी तिर बिरुद्दमे गवाही दैं का हए ?" 61 तव येशू चुप लगो, और कोई जबाफ ना दै। फिर प्रधान पुजारी बासे पुछीं, “का तए परमधन्यको पुत्र ख्रिस्ट हए ?" 62 येशू कही, “मए हौं, और तुम आदमीके पुत्रके सर्वशक्तिमानको दहिना हातघेन बैठो और आकासमे बादरके सँग आत देखैगे।” 63 तव प्रधान पुजारी अपन कुर्ता फारके कही, “हमके और साँची से का पडोह ? 64 तुम ईश्‍वरनिन्दा ता सुनी रहेहौ। तुमर का बिचार हए ?” और बे सब बाके मृत्युदण्डको भागी ठहराइँ । 65 और कोई कोई बाके थुकन लागे, और बक मुहू तोपके बाके थप्पड मारके कहीं, अगमवाणी बोल् |” तव पिच्छु पहारेदार बाके अपन जिम्मामे लैं, और बाके मुक्का मारीं। 66 पत्रुस तरे आँगनमे रहय तव प्रधान पुजारीको नोकर्नी मैसे एक जनी हुवाँ आई, 67 और पत्रुसके आगी तापत् देख्के बाके निहारके देखी और कही, तुम फिर येशू नासरी सँग रहौ ।" 68 तव बा आइसे कहत् इन्कार करी, “तुम का कहत हौ बा ना जान्तहौं न सम्झत हौं।” और बा बाहिरको मूल फाटक घेन गव और मुर्गा बासी। 69 बा नोकरनी ऊनमैसे जो जौने थाडे रहयँ फिर कहन लागि, “जहुत उन्मैसे एक हए ।" 70 तव पत्रुस फिर इन्कार करी, पर कुछ देरमे आसपास ठाढे मैसे फिर पत्रुससे कहीं, “पक्कए तुम उन्मैसे एक हौ।” 71 तव बा अपनएके सरापके और कसम खाएके कहन लागो, “जौनके बारेमे तुम कहत हौ, बा आदमिक मए चिन्त न हअौं ।" 72 और तुरन्त दुसरो चोटी मुर्गा बास्दै, और पत्रुससे येशू उनसे कहि बात समझलै, मुर्गा दुई चोटी बासन से अग्गु तुम मोके तीन चोटी इन्कार करेहौ।” और जा बात समझके बा धरधरहुँस रोई ।